पंजाब में बिजली संकट ने दी दस्तक, कोयले की कमी से 5 थर्मल यूनिट बंद

0
Thermal Plant
Thermal Plant

पंजाब (Punjab) को बिजली कटौती (Power Cuts) का सामना करना पड़ सकता है क्योंकि कोयले की गंभीर कमी (Coal Crisis) ने राज्य के स्वामित्व वाले बिजली संयंत्रों (State-owned power plants) को प्रभावित किया है. कोयले की कमी के कारण पंजाब की पांच थर्मल इकाइयों (Five Thermal Units) को बंद करने के लिए मजबूर होना पड़ा है. दि ट्रिब्यून की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक तलवंडी साबो बिजली संयंत्र और रोपड़ संयंत्र में दो-दो इकाइयां बंद हैं, जबकि लहर मोहब्बत संयंत्र में एक इकाई भी बंद हो चुकी है.

लहर मोहब्बत संयंत्र और तलवंडी साबो संयंत्र की इकाइयों को पर्याप्त बिजली उत्पादन की कमी के कारण बंद करना पड़ा है, जबकि तकनीकी गड़बड़ियों के कारण रोपड़ में दो इकाइयों को बंद करना पड़ा है. राज्य में इससे एक हजार मेगावाट बिजली की कमी हो गई है. पंजाब स्टेट पावर कारपोरेशन लिमिटेड (पीएसपीसीएल) के आधिकारिक सूत्रों का कहना है कि एकमात्र राहत की बात तो यह है कि कृषि क्षेत्र में बिजली की मांग कम हुई है क्योंकि धान की कटाई की जा रही है, और सिंचाई की आवश्यकता नहीं है. नतीजतन बिजली की मांग लगभग 8,500 मेगावाट है.

कोयले की कमी से बिजली उत्पादन बंद होने के कारण राज्य बिजली एक्सचेंज से बिजली खरीद रहा है. पीएसपीसीएल के अध्यक्ष ए वेणु प्रसाद ने का कहना है कि हम पावर एक्सचेंज के जरिए निजी और सरकारी कंपनियों से बिजली खरीद रहे हैं. लेकिन यह बहुत ही महंगी है. हमें 13 रुपये प्रति यूनिट की दर से बिजली मिल रही है.उन्होंने कहा कि जहां सरकार केंद्र से पंजाब को तत्काल कोयला भेजने के लिए कह रही है, वहीं वे दूसरे उत्पादकों से बिजली खरीदने को तैयार हैं.

News Website in Jalandhar
News Website in Jalandhar
News Website in Jalandhar

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here